देश के इतिहास में यह पहली बार होने जा रहा है जब आप चलती ट्रेन में आराम से मालिश (मसाज) का आनंद ले सकते हैं। भारतीय रेल यात्रियों को जल्द ही यह सेवा देने जा रही है। रेलवे बोर्ड के मीडिया एवं संचार निदेशक राजेश बाजपेयी ने कहा कि पश्चिम रेलवे क्षेत्र के रतलाम मंडल ने इसका प्रस्ताव तैयार किया है। 




अधिकारी के अनुसार रेलवे इंदौर से चलने वाली 39 रेलगाड़ियों में यह सेवा उपलब्ध कराएगा। इसमें देहरादून-इंदौर एक्सप्रेस (14317), नयी दिल्ली-इंदौर इंटरसिटी एक्सप्रेस (12416) और इंदौर-अमृतसर एक्सप्रेस (19325) शामिल है।  बाजपेयी ने कहा कि यह रेलवे के इतिहास में पहली बार होगा कि यात्रियों के आराम को ध्यान में रखते हुए उन्हें चलती रेलगाड़ी में मालिश सेवा दी जाएगी। इससे न केवल रेलवे की अतिरिक्त आय होगी बल्कि यात्रियों की संख्या में भी इजाफा होगा। उन्होंने कहा कि ऐसा पहली बार है जब इस तरह का कोई समझौता किया गया है।




बाजपेयी ने कहा कि इससे रेलवे को सालाना 20 लाख रुपये की आय होने की उम्मीद है और सेवा प्रदान करने वाले 20,000 अतिरिक्त यात्रियों के चलते अतिरिक्त टिकट बिक्री बढ़ने से साल भर में 90 लाख रुपये की आय बढ़ने का अनुमान है। उन्होंने कहा कि इस सेवा को 15 से 20 दिनों में शुरू कर दिया जाएगा। यह सेवा सुबह छह से रात 10 बजे के बीच रहेगी। यात्रियों को सिर और पैर की मालिश के लिए प्रत्येक के लिए 100 रुपये देने होंगे। इसके लिए हर रेलगाड़ी में तीन से पांच मालिश वाले यात्रा करेंगे।रेलवे उन्हें पहचान पत्र जारी करेगा।